डॉ. बी.आर. आंबेडकर ने हिंदू धर्म छोड़कर बौद्ध धर्म ही क्यों अपनाया?

By–डॉ सिद्धार्थ रामू~ यह प्रश्न अक्सर लोगों की जिज्ञासा का विषय होता है कि आखिर हिंदू धर्म छोड़ने के बाद डॉ. बी.आर. आंबेडकर ने बौद्ध धम्म ही क्यों अपनाया? इसके बारे में कई तरह के भ्रम हैं. इस संदर्भ में अक्सर यह प्रश्न भी पूछा जाता है कि आखिर उन्होंने हिंदू धर्म क्यों छोड़ा और ईसाई या इस्लाम या सिख धर्म क्यों नहीं अपनाया? आंबेडकर ने हिंदू धर्म छोड़ने की घोषणा 1936 में ही अपने भाषण जातिभेद का उच्छेद यानी एनिहिलेशन ऑफ कास्ट में कर दी थी लेकिन उन्होंने धर्म परिवर्तन 1956 में जाकर किया. इस बीच

वाल्‍मीकि जयंती न मनाने पर भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर ने केजरीवाल को दी चेतावनी

BY: JYOTI KUMARI भीम आर्मी के संस्थापक चंद्रशेखर आजाद ने बीते दिन रविवार को तिहाड़ जेल प्रशासन पर आरोप लगाया है कि उन्‍हें वाल्‍मीकि जयंती नहीं मनाने दिया जा रहा है. आपको बता दे कि अगस्त महीने में दिल्ली के तुगलकाबाद में स्थित संत रविदास के मंदिर को DDA ने गिरा दिया था. जिसपर बहुजनों ने मंदिर वहीं बनाए जाने की मांग को लेकर दिल्ली में प्रदर्शन किया गया था जिसके दौरान भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर समेत 94 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया था और वो तभी से तिहाड़ में बंद हैं. चंद्रशेखर

बीएचयू होल्कर भवन का घेराव,असिस्टेंट प्रोफेसर की नियुक्तियों के खिलाफ छात्रों ने किया प्रदर्शन

BY: JYOTI KUMARI कभी शिक्षा के लिए जाने वाला बीएचयू आज कल आये दिन मीडिया में विवादों के लिए बना रहता है. एक बार फिर विश्वविद्यालय असंवैधानिक कारनामा के लिए चर्चा का विषय बना हुआ है. बीएचयू में एक बार फिर जातिवाद का खेल अनारक्षित पदों के लिए शुरू हो गया है जिसमें SC\ST\OBC के आवेदकों को अयोग्य ठहराया गया है.जिसपर छात्रों ने होल्कर भवन का घेराव करते हुए धरना-प्रदर्शन कर रहे है. दरअसल बीएचयू के Performing Arts विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर नियुक्ति के इंटरव्यू में SC/ST\OBC के कैंडिडेटस को इसलिए अयोग्य करार दे

BHU में फिर शुरू हो गया जातिवाद का खेल अनारक्षित पदों के लिए SC-ST-OBC के आवेदकों को ठहराया गया अयोग्य

वाराणासी: बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी में फिर शुरू हो गया जातिवाद का खेल अनारक्षित पदों के लिए एससी-एसटी-ओवीसी के आवेदकों को ठहराया गया अयोग्य.हर हाल में कल के साक्षात्कार को रोकना होगा यदि हम संवैधानिक न्याय को सुनिश्चत करना चाहते है. असंवैधानिक कारनामा!बीएचयू के Performing Arts विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर नियुक्ति के इंटरव्यू में SC/OBC के कैंडिडेट को इसलिए अयोग्य करार दे दिया गया कि वो लोग अपने आरक्षित कोटे में UGC NET की परीक्षा उत्तीर्ण किये हैं। यह पूरी तरह अवैधानिक है। मानव संसाधन विकास मंत्रालय और

बीजेपी मंत्री के बयान पर भड़की जनता

BY: JYOTI KUMARI रविशंकर प्रसाद ने भारतीय अर्थव्यवस्था में सुस्ती के बारे में पूछे जाने पर इसे फ़िल्मों से जोड़ दिया. उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा,"दो अक्टूबर को तीन फ़िल्में रिलीज़ हुई थीं: वॉर, जोकर और सायरा. उस दिन इन फ़िल्मों ने 120 करोड़ रुपये से भी ज़्यादा की कमाई की थी. यानी देश की अर्थव्यवस्था ठीक है. तभी तो फ़िल्में इतना अच्छा बिज़नस कर रही हैं." रविशंकर प्रसाद ने ये भी कहा कि वो अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में भी सूचना प्रसारण मंत्री थे इसलिए उनका फ़िल्मों से लगाव है. रविशंकर प्रसाद के इस बयान पर सोशल

बहुजन नायक मान्यवर कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस मनाने तथा पीएम मोदी को पत्र लिखने के कारण 6 बहुजन छात्रों को हिंदी विश्वविद्यालय ने किया…

महाराष्ट्र के वर्धा स्थित महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय प्रशासन ने बहुजन नायक मान्यवर कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस मनाने तथा पीएम मोदी को पत्र लिखने के कारण छह बहुजन छात्रों को विश्वविद्यालय से निष्कासित कर दिया है। निष्कासित किए गए छात्र नेताओं में चन्दन सरोज, रजनीश कुमार अंबेडकर, वैभव पिम्पलकर, राजेश सारथी, नीरज कुमार एवं पंकज बेला के नाम शामिल हैं। गौरतलब हो कि निष्कासित किए जाने वाले सभी छात्र एससी व ओबीसी केटेगरी के ही हैं। यहाँ यह भी उल्लेखनीय है कि इन छह निष्कासित छात्रों में एक छात्र ऐसा भी है जो

एक नई सुबह का पैगाम लेकर आया नेशनल इंडिया न्यूज

आएगी इंसाफ की हुक्मरानीअब न बहेगा ख़ू होकर पानीउठ रौशनी का लहरा दे परचमकर दे ये दुनिया पुरानीएक नई सुबह का पैगाम लेकर आएगा नेशनल इंडिया न्यूज.. नेशनल इंडिया न्यूज 1 मिलियन के मुकाम पर पहुंच गया है डेर सारे फोन कौल्स आ रहे हैं हमें बधाई दे रहे हैं लेकिन इसके हकदार आप लोग खुद हैं जो हमें नियमित रूप से देखते हैं. शुक्रिया तूफानों से भरे इस दौर में हमारी इस छोटी सी किश्ती को आपने ही थामे रखा. मैं किसी औपचारिकता के नाते आप दर्शकों की अहमीयत को रेखांकित नहीं कर रहा हूं. आप वो हैं जो मेरे और नेश्नल इंडिया न्यूज के लिए वक्त

1 मिलियन होने पर NIN के दर्शकों को बधाई!

सबसे पहले शुक्रिया उन सभी लोगों को जिन्होंने हमारे चैनल नेशनल इंडिया न्यूज को 1 मिलियन सब्सक्राईब्र कर हमारा सहयोग दें हमें सराहा है. नेशनल न्यूज चैनल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म यूटयूब पर कामयाबी का परचंद बुलंद किया है. यूटयूब पर नेशनल इंडिया न्यूज ने 1 मिलियन सब्सक्राईबर होने की उपलब्धि में पुराने रिकॉर्ड तोड़ यह मुकाम हासिल किया है. नेशनल इंडिया न्यूज पर 1 मिलियन लोगों द्वारा जताया गया भरोसा है. जो कि अडिग होने का समर्पण है, जिससे नेशनल इंडिया न्यूज हर प्लेटफॉर्म पर अपने दर्शकों के दिलों पर राज करता है और करता रहेगा

Explained: Supreme Court SC/ST judgment, in review

By~ Faizan Mustafa On Tuesday, the Supreme Court recalled its directions in a March 20, 2018 verdict that had effectively diluted provisions of arrest under the Scheduled Castes & Scheduled Tribes (Prevention of Atrocities) Act, 1989. This was following a plea by the Centre seeking a review of that judgment. What is review of a judgment? ‘Review’ of a Supreme Court judgment is done by the same Bench. ‘Overruling’ means that the law laid down in one case is overruled in another case. When a higher court on appeal

गांधी और आंबेडकर आमने-सामने

By–डॉ सिद्धार्थ रामू~ मोहनदास करमचंद गांधी (2 अक्टूबर 1869 - 30 जनवरी 1948) की जिस व्यक्तित्व से निरंतर वैचारिक, राजनीतिक और नैतिक टकराहट होती रही, उस व्यक्तित्व का नाम डॉ. भीम राव आंबेडकर ( 14 अप्रैल, 1891 – 6 दिसंबर, 1956 )। दोनों के पास भारत के भविष्य के भारत के निर्माण का एक मुकम्मिल स्वप्न था। जिसके प्रति दोनों पूरी तरह प्रतिबद्ध थे। दोनों आधुनिक भारत के ऐसे व्यक्तित्व थे, जो एक साथ चिंतक, विचारक,नेता और संघर्षशील कार्यकर्ता थे। जहां गांधी का यह मानना था कि ब्रिटिश औपनिवेशिक दासता से भारत की मुक्ति सबसे बड़ा कार्यभार