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देश में कोई डिटेंशन सेंटर नहीं है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह दावा कितना सच है?

BY: NAVAL KISHORE KUMAR कल एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश से झूठ बोला है। रामलीला मैदान में दिल्ली विधानसभा चुनाव अभियान की शुरुआत करते हुए उन्होंने कहा कि देश में कोई डिटेंशन कैंप नहीं है जहां उन लोगों को रखा जा रहा है जिनके पास भारतीय नागरिकता से संबंधित दस्तावेज नहीं हैं। मोदी ने यह भी कहा कि 2014 से लेकर अबतक उनकी सरकार ने किसी भी स्तर पर एनआरसी की बात नहीं कही है। असम में एनआरसी की चर्चा करते हुए उन्होंने यह जरूर कहा कि ऐसा सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर किया गया है। प्रधानमंत्री का झूठ बहुत देर तक नहीं

बीजेपी 2024 के चुनाव जीतकर सत्ता में आने की साजिश है CAA और NRC

BY: Kranti Kumar अफ़ग़ानिस्तान से लेकर मणिपुए तक और कश्मीर से लेकर लंका तक भारत बौद्ध देश था, यहां 5000 वर्ष पहले से बौद्ध सभ्यता का अस्तित्व था ! बौद्ध धम्म इस उपमहाद्वीप का प्राचीन धर्म है ! आरएसएस जिस भारत माता का नक्शा भगवा ध्वज के साथ पेश करता है उसमें अफ़ग़ानिस्तान पाकिस्तान बांग्लादेश को जोड़कर अखंड भारत की तस्वीर दिखाता है, लेकिन इनका अखंड भारत महाभारत काल का बताएंगे, जो की पूरी तरह सत्य नही है, महान सम्राट अशोक का शासन जहां तक था उन्ही प्रान्तों सीमाओं को महाभारत में नकल कर लिखा गया, जैसे गंधारा सिंध अंग मणिपुर

मायावती का भीम आर्मी चीफ पर हमला, कहा- UP के बजाए दिल्ली में जबरन प्रदर्शन कर जेल चला जाता है

बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने भीम पार्टी के नेता चंद्रशेखर आजाद पर दलित नेता बनने का नाटक करने का आरोप लगाया। कहा कि दिल्ली में चुनाव होने वाले हैं। इसके चलते वह मौके का फायदा उठाने के लिए नागरिकता संशोधन कानून के नाम पर विरोध करने जामा मस्जिद पहुंच गए। उन्होंने कहा कि वह बिना पुलिस की इजाजत के प्रदर्शन कर जानबूझकर जेल गए। उन्होंने अपनी पार्टी के लोगों से अपील की कि वे चंद्रशेखर आजाद और उन जैसे अन्य लोगों से सचेत रहें। बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने एक के बाद एक कई ट्वीट कर चंद्रशेखर आजाद पर हमला बोला और कहा कि

CAA: संविधान और आगे आने वाली पीढ़ी को बचाने के लिए BJP और RSS के एजेंडे को रोकना होगा

By: Shahnawaz Ansari सिटीजनशिप अमेंडमेंट एक्ट(CAA) और नेशनल रजिस्टर ऑफ़ सिटिज़न्स (NRC) का नाम तो आपने ज़रूर सुना होगा। मीडिया लगातार बता रही है कि ये मुसलमान विरोधी है। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी तो खुद यह कह चुके हैं कि इसके विरोधियों को उनके कपड़े के आधार पर पहचान की जा सकती है। यदि आप भी ऐसा ही समझते हैं, तो थोड़ा सा समय निकाल कर इस पर्चे को ज़रूर पढ़ें। इंडियन एक्सप्रेस की एक खबर के अनुसार अब असम में NRC लिस्ट से बाहर हुए 19 लाख से ज्यादा लोगों के पास अब वोट देने का अधिकार नहीं होगा। असम NRC लिस्ट से बाहर हुए 19 लाख

नागरिकता संशोधन कानून बीजेपी के गैर संवैधानिक रवैये को जायज ठहराने वाला कानून है।

BY: Khalid Ansari यह भ्रम फैलाया जा रहा है की नागरिकता संशोधन क़ानून (CAA) तो ठीक है क्योंकि इससे नागरिकता दी जाती है ली नहीं जाती. इस कारण इससे देश के किसी नागरिक को घबराने heकी ज़रुरत नहीं है क्योंकि उनके ऊपर इसका कोई असर नहीं पड़ेगा. बीजेपी इस तर्क को लेकर जनसंपर्क में निकलने वाली है. इस लाइन के समर्थन में अजमेर दरगाह के दीवान सैयद जैनुअल आबेदीन और जामा मस्जिद के शाही इमाम सैयद अहमद बुखारी पहले ही उतर चुके हैं. जैसे की कई लेखक पहले आगाह कर चुके हैं इस कानून का मूल्यांकन सिर्फ तात्कालिक नफा-नुकसान के बजाय संवैधानिक

मनुष्यता के खिलाफ मनुष्य को तैयार करने के विचार

BY: अनिल चमड़िया समाज के एक सदस्य के रूप में मनुष्य के लिए बराबरी का विकल्प स्वभाविक होता है। लेकिन पूंजीवाद ने मनुष्य को अपने लिए इस तरह से तैयार किया है कि उसे ज्यादा से ज्यादा पैसे कमाने की भूख बनी रहे लेकिन उसके सामने यह भी स्पष्ट नहीं हो कि आखिरकार, ज्यादा पैसा उसके किस काम का है। वह मनुष्यता की कीमत पर उस पैसे को हासिल करने की होड़ में लगा रहता है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ मनुष्य बनाने वाला संगठन है : मोहन भागवत’-सुप्रीम कोर्ट द्वारा बाबरी मस्जिद की जगह पर अयोध्या में राम मंदिर बनाने का फैसला देने के बाद

हम हिन्दू बाई चांस इस देश में रहे लेकिन मुस्लिमों ने बाई चॉइस इस मुल्क को पसंद किया : हर्ष मंदर

नागरिकता संशोधन बिल के पास हो जाने से देश के सभी इलाकों में लोग विरोध प्रदर्शन कर रहें है। एक ओर जहां सरकार इसके फ़ायदे की दलीले संसद के दोनों सदनों गिना रही है। वहीं इसके खिलाफ लोग सड़क पर पुरजोर विरोध कर रहे हैं। इस बिल के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर रोज़ भारी तादाद में लोग विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। आज ‘नॉट इन माय नेम’ समूह द्वारा आयोजित प्रदर्शन में हज़ारों की संख्या में लोग इक्क्ठा होकर इस बिल के खिलाफ प्रदर्शन किया। वहीं इस प्रदर्शन में आए लेखक और मानवाधिकार कार्यकर्ता हर्ष मंदर ने मोदी सरकार के इस बिल को संविधान

A tale of two rapes and the different “justice ” that the upper castes and media will decide

By- Vidya Bhushan Rawat ~ Unnao's rape survivor has just passed away. The accused are well identified and arrested. There is another Unnao horror story where the accused is well identified and for whom we saw some marches in that city. So far, I am not hearing the same cries about hanging the accused. The TV channels are not beaming the names of the accused. Nor are we witnessing the candle light marches. Nor are we seeing cries of hand over the culprits to the 'Janata' so that they can do the justice. We all are

Ramdev; The Con Man Dangerously Blending Economic Nationalism and Hindutva Together

Ramkrishna Yadav, AKA Ramdev, businessman and the founder of Patanjali Ayurved Limited Company has been news for making insulting comments against social reformer Periyar E. V. Ramasamy. In a row to such remarks now he said, “Periyar was around in his time, he would have had shoes slapped on him”. This is the third time in a week he had made derogatory remarks. On Monday a video went viral in which Ramdev appears as saying, “For the past two-three days, Periyar’s ‘chele’ (followers) have been behind me. (laughs

The Indian Renaissance was lighted up by Jyotirao Phule

~ Milind Patil He was the Executive Director of 'Pune Commercial & Contracting Company'. Jotiba was a successful businessman. His company made magnificent and costly constructions of canals, tunnels, bridges, buildings, textiles, palaces and roads. The important work done by Jotiba's company is the Katraj tunnel, the Yerwada Bridge and the canal of the Khadakwasla Dam. In the report of the British Government's Education Department, it was found that during 1850, he had arranged to provide industrial and agricultural