Home International Political हैदराबाद: प्रियंका रेड्डी के साथ हुई हैवानियत से देशभर में आक्रोश का माहौल
Political - Social - December 1, 2019

हैदराबाद: प्रियंका रेड्डी के साथ हुई हैवानियत से देशभर में आक्रोश का माहौल

हैदराबाद में पशु चिकित्सक प्रियंका रेड्डी के साथ हुई हैवानियत से देशभर में आक्रोश का माहौल है. निर्भया कांड की यादें ताज़ा करने वाली इस वारदात ने एक बार फिर लोगों को सड़क पर उतरने के लिए मजबूर कर दिया है. लेकिन हमेशा की तरह इस बार भी पुलिस और प्रशासन की तरफ से लोगों को दुष्कर्म का विरोध करने से रोका जा रहा है. दरअसल राजधानी दिल्ली में अनु दुबे नाम की एक छात्रा हैदराबाद की घटना का विरोध करने संसद भवन पहुंची थी. वह संसद भवन के बाहर एक तख्ती हाथ में लिए खड़ी थी. जिस पर लिखा था जो करना है कर लो अब डरने का मन नहीं करता.

वह अपनी इस तख्ती के ज़रिए सरकार और प्रशासन को उस सच्चाई से रूबरू कराने आई थी जिससे उसने मुंह मोड़ रखा है. अनु दुबे की तख्ती में लिखे शब्दों में कितना दर्द छुपा है. वह महिलाओं के खिलाफ हो रहे अत्याचार की घटनाओं से कितनी पीड़ित है ये समझने के बजाए दिल्ली पुलिस ने उसे ही खदेड़ना शुरु कर दिया. जब पुलिस की चेतावनी के बावजूद अनु ने अपना प्रदर्शन नहीं ख़त्म किया तो पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया.

अनु को गिरफ्तार करने के बाद पुलिस उसे थाने ले गई जहां कथित तौर पर उसके साथ महिला पुलिसकर्मियों ने मारपीट की. अनु ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में बताया तीन लेडी कॉन्सटेबल मेरे ऊपर चढ़ी थीं. वो कुछ जानकारी पूछ रहे थे मैंने कहा मैं बाहर जाकर ही बोलूंगी. मैं मना कर रही थी. इस बात पर उन्होंने मेरे साथ जबरदस्ती की मुझे नाखून चुभाए और बुरी तरह मारा. उन्होंने मुझसे बैठने के लिए कहा लेकिन मैं नहीं बैठी.

ग़ौरतलब है कि गिरफ्तार किए जाने से पहले अनु दुबे ने एबीपी से कहा था कल मैं भी जलूंगी लेकिन मैं लडूंगी. मैं उम्मीद नहीं कर रही की कोई और भी मेरे साथ यहां धरने पर बैठेगा साथ ही अनु ने सवाल पूछते हुए कहा कि क्या मेरा भी बाकियों जैसा हाल होगा. महिलाओं के खिलाफ हो रहे अत्याचार की घटनाओं से कितनी पीड़ित है. ये समझने के बजाए पुलिस ने अनु को ही खदेड़ना शुरु कर दिया. पुलिस की चेतावनी के बावजूद अनु ने अपना प्रदर्शन नहीं ख़त्म किया तो पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया.

वही दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालिवाल ने इस मामले में पुलिस में शिकायत दर्ज कर अनु के साथ दुर्व्यवहार करने वाले पुलिसकर्मियों को सस्पेंड किए जाने की मांग की है. इसके साथ उन्होंने इस मामले को लेकर केंद्र की मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए ट्विटर के ज़रिए कहा केंद्र सरकार एक छात्रा से इस प्रकार घबरा गई कि पूरी की पूरी पुलिस उसे सच बोलने से रोकने और डराने धमकाने के लिए लगा दी. अरे इतना ही ज़ोर और दम यदि दिखाना है तो आवाज़ उठाने वाले छात्रों पर नहीं असामाजिक तत्वों पर दिखाओ जिससे किसी की ऐसे अपराध को अंजाम देने की हिम्मत न हो.

वही संसद के बाहर बेटियों को सुरक्षा देने की मांग को लेकर प्रदर्शन करने वाली अनु दुबे को निर्भया की मां का भी साथ मिल गया है. निर्भया की मां का कहना है कि हैदराबाद की घटना ने फिर 2012 की यादें ताजा कर दी हैं. पुलिस पहले तो कभी समय पर पहुंचती नहीं है उसके बाद जनता के आक्रोश को दबाने का प्रयास करती है. धिक्कार है ऐसी कानून-व्यवस्था. ऐसी सरकार पर. आज का युवा अगर अपनी आवाज उठाता है तो उसकी आवाज को दबाने की कोशिश की जाती है. आखिर क्यों देश में लगातार हो रही रेप की घटनाओं पर आखिर कब रोक लगेगी. कब देश की महिलाये बिना किसी ड़र के रात को घर से बाहर निकल पाएगी.

(अब आप नेशनल इंडिया न्यूज़ के साथ फेसबुकट्विटर और यू-ट्यूब पर जुड़ सकते हैं.)

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Check Also

The Rampant Cases of Untouchability and Caste Discrimination

The murder of a child belonging to the scheduled caste community in Saraswati Vidya Mandir…