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Social - State - December 28, 2017

विवादित बयान राजनीति के लिए कितने ज़रूरी ?

By- Aqil Raza

नई दिल्ली- साल 2017 हमसे अलविदा होने वाला है। 2017 को राजनीतिक बयानबाजी के लिए भी याद किया जाएगा। तमाम राजनीतिक दल के नेता अपनी विवादित बयानबाजी को लेकर चर्चा में रहे।विवादित बयानबाजी के मामले में सभी दलों के नेता आगे रहे हैं। इस लिस्ट में बीजेपी नेताओं ने अपना सबसे ज्यादा योगदान दिया है। किसी ने देशभक्ति को लेकर तो किसी ने धर्म, संप्रदाय को लेकर विवादित बयान दिया है, तो किसी ने एक दूसरे पर व्यक्तिगत टिप्पणी की मर्यादाओं को पार कर दिया। एक नजर डालते हैं इन विवादित नेताओं पर.

4 बीवी करने के बाद पैदा करते हैं 40 बच्चे- साक्षी महाराज

इस फहरिस्त में सबसे पहला नाम है, उन्नाव से बीजेपी सांसद साक्षी महाराज का, मेरठ में एक कार्यक्रम के दौरान देश की बढ़ती आबादी को लेकर साक्षी महाराज ने ऐसा बयान दिया जिसको लेकर वह सुर्खियो में रहे। साक्षी महाराज ने मुस्लिम समुदाय को निशाने पर लेते हुए कहा था कि देश की आबादी हिंदुओं की वजह से नहीं बढ़ रही है, ये कुछ समुदाय के लोगों के कारण बढ़ रही है जो चार पत्नी रखते हैं और 40 बच्चे पैदा करते हैं। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से ठीक पहले साक्षी महाराज ने यह बयान दिया था। हालंकि इससे पहले भी साक्षी महाराज विवादित बयान देते रहे हैं जिसमें उन्होंने देश की जनसंख्या को लेकर मुस्लिम समुदाय को जिम्मेदार ठहराया था, और नसबंदी न कराने को लेकर मुस्लिम समाज पर सवाल उठाया था। जिससे देश भर में काफी विवाद फैला था।

बेटी की इज्जत से बड़ी वोट की इज्जत: शरद यादव

फहरिस्त में दूसरा नाम है शरद यादव का,,, जनता दल के पूर्व नेता शरद यादव उस वक्त सुर्खियों में आए थे जब उन्होंने कहा था कि बेटी की इज्जत से भी वोट की इज्जत बड़ी है, बेटी की इज्जत जाएगी तो गांव और मोहल्ले की इज्जत जाएगी, लेकिन वोट एक बार बिक गया तो देश की इज्जत और आने वाला सपना पूरा नहीं हो सकता है। शरद यादव ने यह बयान बिहार में पार्टी के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जनवरी माहिने में दिया था। हालांकि शरद यादव को अपने इस विवादित बयान पर सफाई भी देनी पड़ी थी।

भाजपा में प्रियंका गांधी से भी सुंदर स्टार प्रचारक महिलाएं: विनय कटियार

फहरिस्त में तीसरा नाम विनय कटियार का है, बीजेपी नेता विनय कटियार उस वक्त सुर्खियों में आ गए थे जब उन्होंने प्रियंका गांधी पर टिप्पणी कर दी थी। उन्होंने कहा कि प्रियंका गांधी से बहुत सी सुंदर महिलाएं हैं जो स्टार प्रचारक हैं। उन्होंने यह बयान उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले दिया था। उन्होंने ताज महल को लेकर भी विवादित बयान दिया था जिसमें उन्होंने ताजमहल को भगवान शिव का मंदिर करार देते हुए कहा था कि ताज महल ‘तेजो महल’ है, जिसे शाहजहां ने मकबरे में तब्दील कर दिया था. शाहजहां ने इसमें अपनी पत्नी को दफनाने के बाद इसे एक मकबरे में बदल लिया था. आपको बतादें की विनय कटियार आयोध्या बाबरी मस्जिद मुद्दे पर भी सुर्खियों में आते रहे हैं।

दयाशंकर ने दिया था मायावती पर आपत्तिजनक बयान

फहरिस्त में चोथा नाम है दयाशंकर का, बीजेपी नेता दयाशंकर सिंह ने बसपा सुप्रीमो मायावती पर ऐसा बयान दिया था जिसको लेकर उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता देखाना पड़ गया था। मायावती पर पार्टी का टिकट बेचने का आरोप लगाते हुए दयाशंकर सिंह ने उनकी तुलना वेश्या से कर दी थी। उन्होंने कहा था कि एक वेश्या से भी बदतर चरित्र की आज मायावती जी हो गईं हैं, इसलिए काशीराम के बनाए कार्यकर्ता उनका साथ छोड़कर जा रहे हैं और बसपा समाप्त हो रही है। मायावती जी किसी को एक करोड़ में टिकट देती हैं, कोई दो करोड़ देने वाला मिलता है तो उसे टिकट दे देती हैं और शाम को तीन करोड़ देने वाला मिलता है तो उसको दे देती हैं।

संदीप दीक्षित ने जनरल विपिन रावत को बताया था सड़क का गुंडा

इस फहरिस्त में 5वां नाम है संदीप दीक्षित का, कांग्रेस नेता और शीला दीक्षित के बेटे संदीप दीक्षित ने आर्मी चीफ बिपिन रावत पर विवादित बयान देते हुए उन्हें सड़क का गुंडा तक करार दे दिया था। उन्होंने कहा था कि इस तरह का काम सिर्फ पाकिस्तान कर सकता है, वह इस तरह के काम करके ऐसे बयान दे सकते हैं। लेकिन भारतीय सेना प्रमुख का इस तरह का बयान शर्मनाक है, उनका बयान सड़क का गुंडा जैसा है। पाकिस्तान को जो करना है करने दीजिए वो माफिया हैं, हमारे आर्मी चीफ को ऐसा क्यों करना चाहिए।

देशद्रोहियों ने बनवाया था ताजमहल: संगीत सोम

बीजेपी के फायरब्रांड नेता संगीत सोम ने प्रसिद्ध ताजमहल पर विवादित बयान दिया। उन्होंने कहा था कि ताजमहाल को देशद्रोहियों ने बनवाया था इसलिए उसे देश के इतिहास में शामिल नहीं किया जा सकता है। उन्होंने ताजमहल को भारतीय संस्कृति पर धब्बा करार दिया था। इससे पहले भी संगीत सौम अपने बयानों को लेकर विवादों में रहे हैं, उन्होंने यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर कहा था कि अगला चुनाव हिन्दुस्तान और पाकिस्तान के बीच जंग की तरह है. इसमें बीजेपी को हराना यहां पाकिस्तान बनाने के बराबर है. जिसकी अन्य भाजपाई दलों ने जमकर मुखालफत की थी।

आजम खान ने सोम के बयान पर दिया था विवादित बयान

वहीं सपा के कद्दावर नेता आज़म खान ने उनके ताजमहल पर दिए गए बयान का पलटवार किया था, संगीत सोम ने जिस तरह से ताजमहल के बारे में बयान दिया उसपर आजम खान ने पलटवार करते हुए कहा था, कि मैं पहले से ही ये राय रखता हूं कि गुलामी की उन तमाम निशानियों को मिटा देना चाहिए जिनसे कल के शासकों की बू आती हो, अकेले ताजमहल ही क्यों संसद भवन, राष्ट्रपति भवन, कुतुब मीनार, लाल किला क्यों नहीं। ये सब गुलामी की निशानी है।

मणिशंकर अय्यर ने पीएम को बताया था नीच

फहरिस्त में अगला नाम मणिशंकर अय्यर का है, प्रधानमंत्री मोदी के बारे में विवादित बयान देकर कांग्रेस नेता मणिशंकर अय्यर काफी सुर्खियों में रहे। उन्होंने पीएम मोदी को गुजरात चुनाव से ठीक पहले नीच कह दिया था। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति जोकि लगातार अंबेडकर व नेहरूजी के सपने को पूरा करने के लिए काम कर रहा है। उस परिवार के बारे में गलत बात करना, मुझे लगता है कि ये नीच आदमी है, उसे बात करने की तमीज नहीं है, इस समय में इस तरह की बात करने की क्या जरूरत थी। हालांकि अय्यर के बयान के बाद कांग्रेस ने उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया था।

कांग्रेस हनुमान की पूजा करने की बजाए टीपू सुल्तान की पूजा करती है- योगी

फेहरिस्त में अगला नाम यूपी के मौजूदा सीएम योगी आदित्यनाथ का है, योगी ने कर्नाटक में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा था कि ये बड़ा दर्भाग्य है कि कांग्रेस हनुमान की पूजा करने के बजाए टीपू सुल्तान की पूजा करती है. आपको बता दें कि हाल ही में टीपू सुल्तान की जंयती पर कर्नाटक में काफी विवाद मचा था और ऐसे में योगी के बयान ने संप्रदायक माहोल को हवा देने का काम किया था।

अगर गाय की तस्करी करोगे तो यूहीं मरोगे- ज्ञानदेव आहूजा

फेहरिस्त में अगला नाम है बीजेपी विधायक ज्ञानदेव आहुजा का, राजस्‍थान के अलवर में बीजेपी के विधायक ज्ञान देव आहूजा ने विवादित बयान देते हुए कहा था कि अगर गाय की तस्‍करी करते रहोगे तो यूंही मरोगे. आपको बता दें कि इससे पहले भी आहुजा ने जेएनयू को लेकर बयान दिया था. जिसमें उन्होंने JNU को बलात्कारियों का अड्डा बताया था।

छुट्टी लेने वाले डॉक्टर्स को गोली मार दूंगा- हंसराज आहिर

केंद्रीय​ गृह राज्य मंत्री हंसराज अहीर ने डॉक्टरों के बारे में गलत बयान दिया था. उन्होंने छुट्टी लेने वाले डॉक्टरों को नक्सली बनने के लिए कहते हुए कहा कि ऐसे डॉक्टरों के गोली मार दुंगा.

बीजेपी संविधान बदलने के लिए सत्ता में आई है – अनंत कुमार हेगड़े

और अब हाल ही में केंद्रीय कौशल विकास राज्यमंत्री अनंत कुमार हेगड़े ने विवादित बयान दिया है जिसमें उन्होंने कहा कि बीजेपी ‘संविधान बदलने के लिए’ सत्ता में आई है. उन्होंने कहा कि “लोग धर्मनिरपेक्ष शब्द से इसलिए सहमत हैं, क्योंकि यह संविधान में लिखा है. ये संविधान बहुत पहले बदल दिया जाना चाहिए था और अब हम इसे बदलने जा रहे हैं.” उन्होंने कहा था, “जो लोग खुद को धर्मनिरपेक्ष कहते हैं, वो बिना माता-पिता से जन्म की तरह हैं.” “अगर कोई कहता है कि मैं मुस्लिम, ईसाई, लिंगायत, ब्रह्मण या हिंदू हूं, तो मुझे खुशी महसूस होती है, क्योंकि वे अपनी जड़ों को जानते हैं। जो खुद को धर्मनिरपेक्ष कहते हैं, मैं नहीं जानता उन्हें क्या कहा जाए.”

इस बयान के बाद संसद में काफी हंगामा रहा जिसके बाद मंत्री जी ने इसपर माफी मांगकर बात को रफा-दफा कर दिया। लेकिन सवाल इस बात का है इस तरह जहर उगलते इन नेताओं की जुबान पर लगाम क्यों नही लगाई जाती। क्यों एक के बाद एक विवादित बयान देकर देश की लोकतंत्रिक व्यवस्था को ध्वस्त करने की कोशिश की जाती है…देश की सत्तारुढ़ पार्टी जिसकी तकरीबन 19 राज्यों में सरकार है क्यों उसके नेता और मंत्री इस तरह की बयानबाजी करते हैं..और बीजेपी आलाकमान उनके इन विवादित बयानों पर लगाम क्यों नही लगाते? क्या अपनी सियासत चमकाने के लिए इस तरह की अमर्यादित भाषा और विवादित बयानबाजी होना जरुरी है…..यह सवाल है देश में रहनी वाली सबा सौ करोड़ जनता का…

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