اعظم خان کے یوگی پر تین سوال
سابق کابینہ وزیر اعظم خان نے وزیر اعلی یوگی آدتیہ ناتھ کے ایک کے بعد ایک اعلانات پر تین سوال کھڑے کر دیے ہیں۔ اعظم نے کہا کہ وزیراعلیٰ کے پاس کون سا جادوئی چراغ ہے جو بجٹ اجلاس کے بغیر ہو سکتا ہے۔, बिना कैबिनेट में बजट स्वीकृत हुए घोषणाएं दर घोषणाएं हो रही हैं। शुक्रवार दोपहर आजम खां जौहर विश्वविद्यालय परिसर में मीडिया से रूबरू हुए। उन्होंने कहा, हमारे तीन सवाल हैं। पहला, योगी जी ने 15 दिन के अंदर शहर को 24 घंटे और देहात को 18 घंटे बिजली देने का वादा किया है। आखिर वे इतनी बिजली कहां से लाएंगे। वह कौन सा जादुई चिराग होगा, जो पंद्रह दिन में पूरे प्रदेश को बिजली देगा।
दूसरा सवाल पूछते हुए आजम ने कहा गुरुवार को जो एंबुलेंस मिली है, उसके लिए बजट कहां से आया। अभी पहला बजट नहीं आया है, कैबिनेट से बजट पास नहीं हुआ है। इन एंबुलेंस को तैयार करने में कम से कम एक साल का वक्त लगता है। ऐसे में हमारा यह दावा है कि अखिलेश सरकार की बची हुईं एंबुलेंस थीं, जो आचार संहिता लग जाने के बाद हम रिलीज नहीं कर सके।
आजम ने तीसरा सवाल किया कि 15 दिन में सड़के गड्ढा मुक्त कैसे हो जाएंगी। आजम खां ने कहा कि हम साफ करना चाहते हैं कि ये वे सड़कें हैं, जो समाजवादी सरकार ने बनवाई हैं। समाजवादी पेंशन योजना पर सवाल पूछे जाने पर आजम खां ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी जांच कराएं लेकिन अपील है कि गरीबों से रिकवरी कर उन्हें जेल न भेजें। जिन अधिकारियों ने घपला किया है, उनको सजा मिले।
مولانا آزاد اور ان کی برسی کو یاد کرتے ہوئے۔
مولانا ابوالکلام آزاد, مولانا آزاد کے نام سے بھی جانا جاتا ہے۔, ہندوستان کے نامور اسکالر تھے۔, آزادی…






