ભાજપ, RSS पर मायावती का बड़ा हमला, जानिए गोहत्या पर क्या बोली मायावती ?
लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने बीजेपी सरकार पर जमकर हमला बोला है, उन्होंने कानून व्यवस्था और ‘गुड गवरनेन्स’ को लेकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार में ‘‘गुड गवरनेन्स’’ का जो बुरा हाल है उसमें इंसानी जान-माल कोई कीमत नहीं रह गयी है। यहां तक की गायों को भी दयनीय स्थिति हो गई. भ्रष्टाचार के कारण उन्हें भूखा-प्यासा तड़प-तड़प कर मरने के लिए छोड़ दिया जा रहा है. अब आरएसएस या अन्य संगठन सरकार से इसका हिसाब क्यों नहीं मांग रहा है?
हाल ही में भाजपा शासित राजस्थान और छत्तीसगढ़ में सरकारी गौशालाओं में सैकड़ों गायें मरने पर मायावती ने प्रतिक्रिया दी. भाजपा और संघ के लोगों ने देश में आतंक का माहौल बना रखा है. उन्होंने कहा कि संघ व बीजेपी एण्ड कम्पनी के अतिचारी लोग सरकारी संरक्षण में ‘‘गोहत्या’’ के नाम पर खासकर दलितों व मुस्लिम समाज के लोगों पर आये दिन जुल्म-ज्यादती, ક્રૂરતા, मारपीट व उनकी हत्यायें तक करने में धर्म की सेवा समझते हैं।

मायावती ने आगे कहा कि इस प्रकार पूरे देश में आतंक व भय का माहौल बनाया जा रहा है। परन्तु बीजेपी शासित राज्यों में से खासकर हरियाणा, રાજસ્થાન, छत्तीसगढ़ आदि में सरकारी धन का गबन करके बेजुबान ‘‘गौमाताओं’’ पर जो क्रूरता की जा रही है और जिस कारण सैकड़ों की संख्या में गौमातायें तड़प-तड़प कर बेमौत मर रही हैं उसके प्रति बीजेपी सरकार जवाबदेह क्यों नहीं है?
ऐसी सरकारों की जवाबदेही आर.एस.एस. व बीजेपी के शीर्ष नेतागण क्यों नहीं कर रहे हैं? वैसे तो ‘गौमाता’ को भी राममन्दिर की तरह राजनीतिक, साम्प्रदायिक व जातिवादी मुद्दा बना दिया है, परन्तु गौसेवा के मामले में इतनी क्रूरता व लापरवाही क्यों?

मायावती ने प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी की निंदा भी की. उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यालय में प्रधानमंत्री मोदी ने भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक की. लेकिन देशहित के मुद्दों और गौसेवा मुद्दों पर चर्चा नहीं की. यह बहुत निंदनीय और दुखद है.
मायावती ने कहा कि भाजपा अपने गुप्त एजेंडे पर काम कर रही है. भाजपा सरकारों की जातिवादी और सांप्रदायिक नीतियां पूरे देश के दलित और मुस्लिम समुदाय के लोगों को गुलाम बनाकर डर के साये में रखना चाहती है. लेकिन दलित और मुस्लिम समाज के लोग अपना रास्ता खुद निकालने में सक्षम है क्योंकि उन्हें भाजपा से इंसाफ मिलने की उम्मीद न तो पहले थी और ना तो अब है. उन्होंने कहा कि भाजपा से मुकाबला करने के लिए बसपा संघर्षरत है और आने वाले दिनों में अपने इस संघर्ष को गति देगी. आने वाले बसपा भाजपा का डट के मुकाबला करेगी.
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